Tuesday, 7 August 2018

प्रभु तुम कब अवतार लोगे .?

















प्रभु तुम कब अवतार लोगे .?
धरा के बोझ को कब तार दोगे


धुन्ध ये बहुत विकट हैं
छल कपट चारो तरफ हैं
असत्य सत्य पर बहुत हैं भारी
कहाँ बैठे हो त्रिपुरारी 
क्या ये तुमने नही कहा था
हमने तो यही सुना था
जब होगा अपराध निर्मम
"तदात्मानं सृजाम्यहम्"
हे नाथ तुम कब ये चरितार्थ करोगे
प्रभु तुम कब अवतार लोगे.....

नारी का अपमान जब हो
स्वम स्वार्थ  ही प्रधान जब हो
चतुर्थ दिशा बस  निराश मन हो
सर्व सुख बस अकाद  धन हो
दुर्बल ही  जब हार जाते ,
धूर्त ही सब तलवार पाते 
होठ जब सारे सीले हो,
धर्म में अधर्मी मिले हो 
तो क्या ये धर्म का ह्रास नहीं हैं 
विश्वास  का उपहास नहीं हैं ,
किसने तुमको रोका हुआ हैं
साधुओ का उद्धार करने 

कब तुम गीता सार दोगे 
प्रभु तुम कब अवतार लोगे....




चित्र ;गूगल आभार